India First Bullet Train: भारत की पहली बुलेट ट्रेन के मुंबई-अहमदाबाद हाई स्पीड रेल कॉरिडोर पर निर्माण कार्य तेजी से आगे बढ़ रहा है। रेलवे ने वापी-सूरत सेक्शन में बन रहे ट्रैक, सुरंग, नदी पर पुल, इलेक्ट्रिफिकेशन और स्टेशन के निर्माण की झलक दिखाने वाला वीडियो शेयर किया है।
508 किलोमीटर लंबे इस कॉरिडोर पर पहली हाई स्पीड रेल सेवा अगस्त 2027 में शुरू होने की उम्मीद है। शुरुआती सेक्शन सूरत-वापी के बीच होगा।
रेलवे ने दिखाई सुरंग और स्टेशन की झलक
रेलवे मंत्रालय की ओर से शेयर किए गए वीडियो में वापी-सूरत सेक्शन पर चल रहे निर्माण कार्य को दिखाया गया है। इसमें पहाड़ी हिस्सों में सुरंग बनाने, नदी के ऊपर पुल तैयार करने और ट्रैक से जुड़े काम की झलक दिखाई गई है। इलेक्ट्रिफिकेशन का काम भी जारी है। वीडियो में बुलेट ट्रेन के मल्टी-स्टोरी स्टेशन का निर्माण भी नजर आता है। रेलवे ने पोस्ट के कैप्शन में बताया कि बुलेट ट्रेन का काम तेजी से आगे बढ़ रहा है।
508 किलोमीटर का है पूरा कॉरिडोर
मुंबई-अहमदाबाद हाई स्पीड रेल कॉरिडोर की लंबाई करीब 508 किलोमीटर है। यह गुजरात, महाराष्ट्र और दादरा एवं नगर हवेली से होकर गुजरता है। इस रूट पर कुल 12 स्टेशन बनाए जाने हैं। रेल मंत्रालय के मुताबिक, मार्च 2026 तक गुजरात में 352 किलोमीटर फाउंडेशन और पियर का काम पूरा हो चुका था। 342 किलोमीटर गर्डर कास्टिंग और 331 किलोमीटर गर्डर लॉन्चिंग का काम भी पूरा हो चुका था। वहीं 152 किलोमीटर ट्रैक बेड का निर्माण और 121 किलोमीटर ओएचई मास्ट लगाने का काम पूरा हो चुका था।
इन 12 स्टेशनों पर रुकेगी बुलेट ट्रेन
मुंबई-अहमदाबाद कॉरिडोर पर 12 स्टेशन प्रस्तावित हैं। इनमें मुंबई, ठाणे, विरार, बोइसर, वापी, बिलिमोरा, सूरत, भरूच, वडोदरा, आनंद, अहमदाबाद और साबरमती शामिल हैं। मार्च 2026 तक वापी, बिलिमोरा, सूरत, भरूच, आनंद, वडोदरा, अहमदाबाद और साबरमती स्टेशन पर फाउंडेशन का काम पूरा हो चुका था। महाराष्ट्र के ठाणे, विरार और बोइसर में फाउंडेशन का काम चल रहा था। मुंबई के बीकेसी स्टेशन पर खुदाई का काम अंतिम चरण में था और बेस स्लैब का काम शुरू हो चुका था।
320 किमी प्रति घंटे होगी ऑपरेशनल स्पीड
बुलेट ट्रेन कॉरिडोर को 350 किलोमीटर प्रति घंटे की डिजाइन स्पीड के लिए तैयार किया जा रहा है। इसकी ऑपरेशनल स्पीड 320 किलोमीटर प्रति घंटा होगी। मुंबई और अहमदाबाद के बीच यात्रा का समय करीब 1 घंटे 58 मिनट रहने की योजना है। रेलवे के मुताबिक, पहली हाई स्पीड रेल सेवा अगस्त 2027 में शुरू होने की उम्मीद है। जुलाई 2026 में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने भी परियोजना के काम की प्रगति की जानकारी देते हुए 2027 में शुरुआती चरण शुरू होने की बात कही थी।
वापी-सूरत सेक्शन क्यों है अहम?
वापी-सूरत सेक्शन उस शुरुआती हिस्से का हिस्सा है, जहां से देश की पहली हाई स्पीड रेल सेवा शुरू करने की योजना है। सरकार की जुलाई 2026 की जानकारी के अनुसार, पहले चरण में सूरत से वापी के बीच सेवा शुरू होने की उम्मीद है। इसके बाद परियोजना को आगे अहमदाबाद और फिर मुंबई तक बढ़ाने की योजना है।
5 FAQs (प्रश्न और उत्तर):
प्रश्न: भारत की पहली बुलेट ट्रेन किस कॉरिडोर पर चलाई जाएगी?
उत्तर: यह बुलेट ट्रेन 508 किलोमीटर लंबे मुंबई-अहमदाबाद कॉरिडोर पर चलाई जाएगी।
प्रश्न: रेलवे द्वारा साझा किए गए वापी-सूरत सेक्शन की लंबाई कितनी है?
उत्तर: वापी-सूरत सेक्शन की लंबाई करीब 100 किलोमीटर है।
प्रश्न: मुंबई-अहमदाबाद बुलेट ट्रेन कॉरिडोर पर कुल कितने स्टेशन होंगे?
उत्तर: इस कॉरिडोर पर कुल 12 स्टेशन होंगे, जिनमें साबरमती, ठाणे, विरार, बोइसर, वापी, बिलिमोरा, सूरत, भरूच, वडोदरा, आनंद, अहमदाबाद और मुंबई (BKC) शामिल हैं।
प्रश्न: बुलेट ट्रेन की अधिकतम और औसत रफ्तार कितनी होगी?
उत्तर: बुलेट ट्रेन की अधिकतम रफ्तार 320 किलोमीटर प्रति घंटा और औसत रफ्तार 300 किलोमीटर प्रति घंटा होगी।
प्रश्न: बुलेट ट्रेन शुरू होने के बाद मुंबई से अहमदाबाद की दूरी कितने समय में पूरी होगी?
उत्तर: बुलेट ट्रेन से मुंबई से अहमदाबाद के बीच की दूरी महज 2 घंटे में पूरी की जा सकेगी।



